मसूरी गोलीकांड की बरसी पर मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने शहीद आंदोलनकारियों को श्रद्धांजलि अर्पित कर उनके बलिदान को नमन किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखंड राज्य लंबे संघर्ष और आंदोलनकारियों के बलिदान के बाद अस्तित्व में आया है। मसूरी गोलीकांड में छह आंदोलनकारियों ने राज्य निर्माण के लिए अपने प्राणों की आहुति दी थी। सीएम धामी ने शहीद आंदोलनकारियों के साथ डीएसपी उमाकांत त्रिपाठी को भी श्रद्धांजलि दी।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य आंदोलनकारियों ने अपने भविष्य की चिंता किए बिना आने वाली पीढ़ियों के बेहतर भविष्य के लिए संघर्ष किया। उनके बलिदान को कभी भुलाया नहीं जा सकता। उन्होंने उत्तराखंड आंदोलन में मातृशक्ति की महत्वपूर्ण भूमिका को भी याद किया।
सीएम धामी ने कहा कि सरकार आंदोलनकारियों की भावनाओं और उनके सपनों के अनुरूप उत्तराखंड के विकास के लिए लगातार काम कर रही है। लंबे समय से चली आ रही राज्य आंदोलनकारियों की मांगों को पूरा करने की दिशा में कई महत्वपूर्ण कदम उठाए गए हैं। सरकार ने राज्य आंदोलनकारियों की पेंशन बढ़ाने का काम भी किया है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीदों और आंदोलनकारियों के सपनों का उत्तराखंड बनाने के लिए विकास की रफ्तार तेज की जा रही है। भू-कानून की लंबे समय से चली आ रही मांग को सरकार ने लागू किया है। इसके साथ ही राज्य में सड़क और रेल कनेक्टिविटी को मजबूत करने पर तेजी से काम किया जा रहा है।
युवाओं के रोजगार को लेकर भी मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार नए अवसर पैदा करने की दिशा में काम कर रही है। उनका प्रयास है कि उत्तराखंड का कोई भी युवा रोजगार की तलाश में पलायन करने को मजबूर न हो। मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार उत्तराखंड को देश के श्रेष्ठ राज्यों में शामिल करने के लक्ष्य के साथ आगे बढ़ रही है।

