कैंची धाम
नैनीताल जिले के भवाली स्थित विश्व प्रसिद्ध कैंची धाम में सोमवार को बाबा नीम करोली महाराज का स्थापना दिवस श्रद्धा, भक्ति और आध्यात्मिक ऊर्जा के अद्भुत संगम के रूप में मनाया गया। सुबह चार बजे से ही हजारों श्रद्धालु बाबा के दर्शन के लिए लंबी कतारों में खड़े नजर आए। देश के विभिन्न राज्यों के साथ-साथ अमेरिका, कनाडा, जर्मनी और फ्रांस समेत कई देशों से भी बड़ी संख्या में भक्त कैंची धाम पहुंचे।
हर वर्ष 15 जून को मनाए जाने वाले स्थापना दिवस मेले में इस बार भी श्रद्धालुओं का जनसैलाब उमड़ पड़ा। बाबा नीम करोली महाराज के जयकारों से पूरा धाम भक्तिमय माहौल में डूबा रहा। श्रद्धालुओं ने बाबा के दर्शन कर सुख, शांति और समृद्धि की कामना की।
अमेरिका से पहली बार कैंची धाम पहुंचे भक्त मैक्स विलियम्स ने अपने अनुभव साझा करते हुए कहा कि यहां पहुंचकर उन्हें असीम शांति की अनुभूति हुई। उन्होंने बताया कि बाबा नीम करोली महाराज की शिक्षाओं से प्रेरित होकर वे अध्यात्म के मार्ग पर आगे बढ़े और वर्षों से उनकी शिक्षाओं का प्रचार-प्रसार कर रहे हैं। मैक्स ने कहा कि कैंची धाम की पवित्रता और यहां का वातावरण उन्हें अपने घर जैसा महसूस कराता है।
स्थापना दिवस के अवसर पर सुरक्षा और यातायात व्यवस्था को लेकर प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद नजर आया। नैनीताल पुलिस ने पूरे क्षेत्र को चार जोन और आठ सेक्टर में विभाजित किया है। एसटीएफ, बम निरोधक दस्ता, पैरामिलिट्री बल और ड्रोन कैमरों की मदद से लगातार निगरानी की जा रही है। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विभिन्न स्थानों से शटल बस सेवाएं भी संचालित की गईं।
बाबा नीम करोली महाराज के प्रति आस्था केवल भारत तक सीमित नहीं है। एप्पल के सह-संस्थापक स्टीव जॉब्स और मेटा के संस्थापक मार्क जुकरबर्ग जैसी विश्व प्रसिद्ध हस्तियां भी बाबा की शिक्षाओं से प्रभावित रही हैं। यही कारण है कि आज कैंची धाम विश्व स्तर पर आध्यात्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र बन चुका है।
भक्ति, सेवा और आध्यात्मिक चेतना के इस महापर्व में लाखों श्रद्धालुओं की मौजूदगी ने एक बार फिर साबित कर दिया कि बाबा नीम करोली महाराज के प्रति लोगों की श्रद्धा समय के साथ और भी गहरी होती जा रही है।
