रुड़की: हरिद्वार जिले के भगवानपुर थाना क्षेत्र के बिनारसी गांव में रविदास जयंती के मौके पर हुई शोभायात्रा के बाद हिंसक बवाल और फायरिंग मामले में एसएसपी हरिद्वार प्रमेंद्र डोबाल ने कड़ा एक्शन लिया है। इस मामले में तेज्जुपुर चौकी इंचार्ज समेत तीन पुलिसकर्मियों को सस्पेंड कर दिया गया है।
एसएसपी प्रमेंद्र डोबाल ने इस कार्रवाई की पुष्टि करते हुए बताया कि एसपी देहात की रिपोर्ट के आधार पर तीनों पुलिसकर्मियों की लापरवाही सामने आई। रिपोर्ट में कहा गया कि पुलिसकर्मी तत्काल मौके पर नहीं पहुंचे और समय पर आला अधिकारियों को घटनाक्रम की जानकारी भी नहीं दी। इस कड़े कदम के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मचा हुआ है।
घटना 1 जनवरी को हुई थी, जब बिनारसी गांव में संत गुरु रविदास की जयंती के अवसर पर शोभायात्रा निकाली गई थी। शोभायात्रा के बाद प्रसाद वितरण के दौरान एक ही समुदाय के दो पक्षों के बीच हिंसक झड़प हुई, जिसमें पथराव, फायरिंग और घरों में आगजनी की घटनाएं हुईं।
इस हिंसक झड़प में दोनों पक्षों के दो लोगों की जान चली गई। मृतकों में आनंद पुत्र लक्ष्मीकांत और मांगेराम शामिल हैं। पुलिस ने मौके पर मोर्चा संभालकर स्थिति को नियंत्रित किया और मृतकों के शव पोस्टमार्टम के लिए रुड़की के सरकारी अस्पताल भेजे गए। शांति व्यवस्था बनाए रखने के लिए हरिद्वार एसएसपी ने अतिरिक्त पुलिस बल भी गांव में तैनात किया था और लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने की अपील की थी।

एसएसपी डोबाल ने कहा कि तेज्जुपुर चौकी इंचार्ज समेत तीनों पुलिसकर्मियों की लापरवाही के कारण बवाल और बड़ा हुआ। ऐसे मामलों में किसी भी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
